अगली प्रदोष व्रत: 23 अक्टूबर 2026
त्रयोदशी तिथि, महीने में दो बार। शिव का व्रत, पूजा सूर्यास्त के आसपास प्रदोष काल में होती है — इसलिए नाम। सोमवार को पड़े तो सोम प्रदोष, शनिवार को शनि प्रदोष।
आने वाली तारीख़ें
| 23 अक्टूबर 2026 | शुक्रवार |
|---|---|
| 6 नवंबर 2026 | शुक्रवार |
| 22 नवंबर 2026 | रविवार |
| 6 दिसंबर 2026 | रविवार |
| 21 दिसंबर 2026 | सोमवार |
| 4 जनवरी 2027 | सोमवार |
| 20 जनवरी 2027 | बुधवार |
| 3 फ़रवरी 2027 | बुधवार |
| 18 फ़रवरी 2027 | गुरुवार |
| 5 मार्च 2027 | शुक्रवार |
| 20 मार्च 2027 | शनिवार |
| 4 अप्रैल 2027 | रविवार |
| 18 अप्रैल 2027 | रविवार |
| 17 मई 2027 | सोमवार |
| 2 जून 2027 | बुधवार |
| 16 जून 2027 | बुधवार |
| 1 जुलाई 2027 | गुरुवार |
| 15 जुलाई 2027 | गुरुवार |
| 31 जुलाई 2027 | शनिवार |
| 14 अगस्त 2027 | शनिवार |
| 29 अगस्त 2027 | रविवार |
| 13 सितंबर 2027 | सोमवार |
| 27 सितंबर 2027 | सोमवार |
| 12 अक्टूबर 2027 | मंगलवार |
| 27 अक्टूबर 2027 | बुधवार |
| 11 नवंबर 2027 | गुरुवार |
तारीख़ें सूर्योदय की तिथि से गिनी गई हैं। क्षेत्रीय परंपरा और मंदिरों की घोषणा एक दिन आगे-पीछे हो सकती है — बड़े व्रत के लिए अपने पुरोहित या मंदिर से पुष्टि कर लें।